मुम्बई । कोरोना महामारी के खतरे को देखते हुए जनवरी में होने वाली रणजी ट्रॉफी बायो बबल (जैव सुरक्षा) के बीच खेली जाएगी। ऐसे में रणजी का आयोजन उन्हीं शहरों में किया जाएगा, जिनमें कम से कम तीन मैदान, पर्याप्त होटल और आपातकाल के लिए अच्छे अस्पताल हों। इसके साथ ही इन मैचों को खाली स्टेडियम में खेला जाएगा। इसके साथ ही रणजी ट्रॉफी के प्रारुप में बदलाव किया जाएगा और यह चार ग्रुपों के बजाय यह टूर्नामेंट जोन के आधार पर खेला जाएगा। इसका अर्थ यह है कि लीग मैचों के लिए एक जोन की टीम को एक ही शहर में एकत्र होना होगा । यही प्रारुप सीनियर महिला टूर्नामेंट में भी लागू किया जाएगा। इसका लक्ष्य टीमों की यात्राओं को कम करना है। यह फैसला भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की शीर्ष परिषद की बैठक में हुआ था। बीसीसीआई के अनुसार,  कोविड-19 के कारण 2020-21 के घरेलू सत्र में बदलाव का प्रस्ताव रखा गया है। इसके तहत  जनवरी में रणजी ट्रॉफी और संभवत : सीनियर महिला टूर्नामेंट के आयोजन का फैसला किया है हालांकि अभी तारीखों को लेकर अंतिम फैसला नहीं लिया गया है ये उस समय के हालातों पर निर्भर करेगा। वहीं अन्य घरेलू टूर्नामेंटों का आयोजन फरवरी, मार्च में होने वाली बैठक में तय किया जाएगा।