1. वजन कम करने में - रागी में फाइबर अच्छी-खासी मात्रा में मौजूद होता है तो अगर आप वजन कम करने की सोच रहे हैं तो डाइट से रोटी को हटाने की जगह बस गेहूं की जगह रागी की रोटी खाना शुरू कर दें। इससे आपका पेट फुल रहेगा, भूख कम लगेगी, तो वजन निश्चित ही कम होने लगेगा।
2. खून की कमी दूर करता है रागी- अगर आप खून की कमी की समस्या से जूझ रहे हैं और समझ नहीं आ रहा है कि किस तरह की डाइट से इस समस्या को दूर करें तो चुकंदर, अनार के अलावा रागी से बनने वाली अलग-अलग तरह की डिशेज़ को अपने भोजन में शामिल करें क्योंकि इसमें आयरन की अच्छी-खासी मात्रा मौजूद होती है। जो एनीमिया की समस्या को दूर करता है।
3. डायबिटीज़ कंट्रोल में रखता है रागी- रागी का सेवन करने से ग्लूकोज़ का लेवल कम होता है जिससे कि डायबिटीज़ को कंट्रोल में रहती है। रागी ग्लाइसेमिक इंडेक्स फूड है जो बार-बार भूख या यों कहें क्रेविंग को कम करता है। साथ ही रागी में फाइटोकेमिकल्स पाए जाते हैं जो पाचन क्रिया को स्लो कर देते हैं जिससे शरीर को एनर्जी मिलती रहती है।
4. कोलेस्ट्रॉल घटाने में फायदेमंद- रागी  में लेसिथिन और मिथियोनिन नामक अमीनो अम्ल होते हैं जो लीवर में मौजूद वसा को कम कर देता है। इससे लीवर में फैट नहीं जमता। तो अगर आपका कोलेस्ट्रॉल लेवल हाई रहता है तो आपको गेहूं के बजाय रागी से बनी रोटियां खानी चाहिए
5. कैल्शियम की कमी भी पूरा करता है रागी- कैल्शियम की कमी का सीधा असर हमारी हड्डियों पर पड़ता है। बच्चों का सही तरह से विकास नहीं हो पाता तो वहीं बाल झड़ने के साथ याददाश्त भी कमजोर होने लगती है। तो कैल्शियम की कमी को पूरा करने के लिए दूध और डेयरी प्रोडक्ट्स तो खाएं ही साथ ही साथ रागी का सेवन भी शुरू कर दें।