बिना ई-टोकन के उर्वरक विक्रय करने पर 24 फर्म के उर्वरक लायसेंस निलंबित प्रशासन की कडी कार्यवाही 

 

बैतूल –  जिले मे ई टोकन के बिना 94 मैट्रिक टन खाद बेचने वाले 24 दुकानदारों के उर्वर्क लाइसेंस हुए निरस्त l

मध्य प्रदेश शासन किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग मंत्रालय भोपाल के निर्देशानुसार प्रदेश के समस्त जिलों में शत प्रतिशत उर्वरक का विक्रय ई-विकास पोर्टल पर जनरेट किये गये ई-टोकन के माध्यम से ही किया जाना था। दिनांक 01.04.2026 से ई-टोकन के अलावा अन्य माध्यम से उर्वरक विक्रय पूर्णतः प्रतिबंधित है। दिनांक 03.04.2026 को आई.एफ.एम.एस. पोर्टल से प्राप्तण जानकारी के अनुसार जिले में कुल 24 खुदरा विक्रता द्वारा उक्तथ निर्देशों का उलंघन कर कुल 94.359 में0टन उर्वरक विक्रय किये जाने के फलस्विरूप  उप संचालक किसान कल्या‍ण तथा कृषि विकास द्वारा उक्तज फमों के उर्वरक लायसेंस तत्कारल प्रभाव से निलंबत किये गये है। फर्म जिनके लायसेंस निलंबित किये गये है उनमें प्राथमिक सहाकारी समिति अंघारिया,सोनेगांव,डंगारिया निजि विक्रता में0 परमानंद चंद्रगोपाल खंडेलवाल बडोरा/पी.सी. खंडेलवाल बैतूल गंज, हरीदास किराना स्टोबर चोपना, विक्कीच ट्रडर्स डोढरामउ,अन्नेपुर्णा ट्रेडर्स आमडोह चोपना, रावते कृषि सेवा केन्द्रक ढूटमुर, कमलप्रसाद दिनानाथ साहू खेडलीबाजार, वासू खाद भंडार बोरदेही, गोपी साहू कृषि सेवा केन्द्रि रतेडाकला,सुमित खाद विक्रय केन्द्र  मालेगांव, सुर्यवंशी कृषि सेवा केन्द्र  जमदेही कला, वेष्णावी कृषि सेवा केन्द्रि मुलताई, दिव्यांशु खाद भंडार बोरदेही, पंकज कृषि सेवा केन्द्रत चिचोली, गायत्री कृषि सेवा केन्द्रस चिचोली, तेजस कृषि सेवा केन्द्रड खेडीकोर्ट,दीक्षा कृषि सेवा केन्द्रद गोहोची, जय गुरूदेव कृषि सेवा केन्द्रा सोहागपुर,मार्का एफ.पी.सी. लिमि. शीतलझिरी, कृषि सेवा केन्द्र् खेडलीबाजार, मॉ यमुना कृषि सेवा केन्द्रा मोही, शामिल है। 

उप संचालक कृषि डॉ आनंद कुमार बडोनिया ने बताया की शासन के आदेश की अवहेलना किये जाने के फलस्वनरूप कलेक्टर श्री नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी के निर्देशन में आवश्यृक वस्तु् अधिनियम 1955 की धारा 3 (1) तथा उर्वरक गुर्ण नियंत्रण आदेश 1985 की धारा 35 के तहत उक्त  कार्यवाही की गई। उर्वरक वितरण/विक्रय पर निरंतर निगरानी रखी जा रही है।