गंगोत्री धाम में ना श्रद्धालु, ना बिजली—ताजा स्थिति चिंताजनक
गंगोत्री: भक्तों के लिए गंगोत्री धाम अब दूर हो गया है. हिंदुओं की आस्था के केंद्र में आज बिना भक्त पूजा अर्चना हो रही है. यहां ना तो श्रद्धालु है और ना ही बिजली. उधर, फोन की रिंगटोन ने भी यहां दम तोड़ दिया है. गंगोत्री धाम में यात्रा के दौरान ऐसा शायद ही कभी हुआ हो, जब इस तरह मां गंगा को अपने भक्तों का इंतजार करना पड़ा हो.
दरअसल, धराली आपदा का असर गंगोत्री धाम की यात्रा पर भी पड़ा है. उत्तरकाशी जिले में गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर ऐसे कई क्षेत्र हैं, जहां सड़क मार्ग पूरी तरह से बाधित हो चुके हैं. नदी सड़क को अपने साथ बहा ले गई है और कई जगह हजारों टन मलबा सड़कों का नामो निशान मिटा चुकी है. नतीजा ये है कि इसके चलते गंगोत्री धाम की यात्रा को रोकना पड़ा है.
गंगोत्री धाम में पसरा सन्नाटा: गंगोत्री धाम में पसरा सन्नाटा यहां की मान्यता और भव्यता को तो कम नहीं कर सकता, लेकिन ऐसा लगता है मानो यहां भी भक्त बना भगवान अधूरे हैं. मंदिर जहां भक्तों की लंबी कतारें चारधाम यात्रा के दौरान हमेशा देखने को मिलती थी, आज वहां पूरी तरह सन्नाटा है. यहां दिखाई दे रहे हैं तो केवल मंदिर में पूजा अर्चना करने वाले पुजारी और स्थानीय व्यवसायी.
गंगोत्री धाम में अब तक नहीं हो सकी बिजली बहाल: गंगोत्री धाम में न तो श्रद्धालु हैं और ना ही बिजली. इतना ही नहीं 5 अगस्त को आई आपदा के बाद टेलीफोन की रिंगटोन भी शांत हो गई है. आज करीब 6 दिन हो चुके हैं और गंगोत्री धाम में लाइट सुचारू नहीं की जा सकी है. इतना ही नहीं यहां पर मौजूद पुजारी और बाकी लोगों का कहीं संपर्क नहीं हो पा रहा है.
नेटवर्क भी पूरी तरह से ठप: नेटवर्क पूरी तरह से ठप होने के चलते यह लोग अपने परिवार के लोगों से भी बात नहीं कर पा रहे हैं. इधर, पुजारी और यहां पर मौजूद बाकी लोग परेशान हैं तो उधर उनके परिजन भी बातचीत न होने के कारण परेशान चल रहे हैं.
पुजारियों ने कही ये बात: धराली में आई आपदा के बाद गंगोत्री धाम पर इसके पड़ने वाले असर को जानने की कोशिश की. इसको लेकर गंगोत्री धाम के पुजारी से भी बात की. गंगोत्री धाम के पुजारियों ने बताया कि इस बार काफी संख्या में श्रद्धालु धाम में मौजूद थे, लेकिन अचानक आपदा आने के कारण गंगोत्री धाम से श्रद्धालु दूर हो गए हैं.
वे बताते हैं कि गंगोत्री धाम में मौजूद श्रद्धालुओं को मंदिर समिति ने पिछले कई दिनों से आपदा आने के बाद रहने और खाने की व्यवस्था दी है. उधर, इतने दिन होने के बाद भी गंगोत्री में अब तक बिजली नहीं लाई जा सकी है, जबकि यहां पर नेटवर्क ना होने के चलते लोग अपने परिवार के लोगों से बात नहीं कर पा रहे हैं.


शव भेजने पर विवाद, बरगी डैम हादसे में प्रशासन पर उठे सवाल
IPL 2026 में बल्लेबाजों की जंग तेज, हर मैच में बदल रहा लीडर
8.6 अरब डॉलर के हथियार चार देशों को देने की तैयारी, US में हलचल
रेलवे का मेंटेनेंस प्लान, कुछ दिनों तक ट्रेनों की रफ्तार धीमी
सूर्यवंशी को घूरना पड़ा महंगा, लेकिन बच गए भारी जुर्माने से
Global Tension के बीच भारत की ग्रोथ बरकरार, RBI ने दी सावधानी की सलाह
Emergency Alert Message: आपके फोन पर आया सायरन? जानें वजह
सरकार का बड़ा फैसला, संगठन और सत्ता में तालमेल की कोशिश