इंदौर पश्चिमी रिंग रोड: 12 गांवों की जमीन का सर्वे शुरू, मुआवजे पर सहमति न बनने से रुका था काम
इंदौर: प्रशासन और किसानों के बीच मुआवजे पर सहमति बनने के बाद पश्चिमी रिंग रोड में आने वाली निजी जमीन का सर्वे कार्य शुरू कर दिया गया है। हातोद तहसील में सबसे पहले शुरू हुआ सर्वे कार्य गुरुवार को पूरा हो गया। तीन दिन में तहसील के 12 गांवों की 164.8870 हेक्टेयर निजी जमीन का सर्वे कर रिपोर्ट तैयार कर ली गई है। अब देपालपुर और सांवेर तहसील के 14 गांवों की 307.1829 हेक्टेयर जमीन का सर्वे कार्य होगा। पश्चिमी रिंग रोड निर्माण के लिए इंदौर जिला प्रशासन और भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) द्वारा सर्वे कार्य शुरू कर दिया गया है। शिप्रा से पीथमपुर नैट्रेक्स तक बनने वाली 64 किलोमीटर लंबी पश्चिमी रिंग रोड में अब किसानों को नई गाइडलाइन के अनुसार दोगुना मुआवजा दिया जाएगा। इस पर सहमति बनने के बाद सर्वे किया जा रहा है।
हातोद के गांवों से होकर गुजरेगी सड़क
हातोद तहसील में मंगलवार से सर्वे शुरू कर दिया गया। सड़क में आने वाली 158.1178 हेक्टेयर और 6.7692 हेक्टेयर अतिरिक्त निजी भूमि का सर्वे कार्य पूरा हो चुका है। सड़क हातोद तहसील के 12 गांवों की 174.3415 हेक्टेयर भूमि से होकर गुजर रही है। इसमें 164.8870 हेक्टेयर निजी और 9.4545 हेक्टेयर सरकारी भूमि शामिल है। सरकारी भूमि का सर्वे पहले ही पूरा हो चुका है। अब एनएचएआई के भूमि अधिग्रहण के लिए सक्षम प्राधिकारी (सीएएलए) द्वारा निजी भूमि का सर्वे किया जा रहा है।
472 हेक्टेयर निजी भूमि का होगा सर्वे
वेस्ट रिंग रोड इंदौर जिले की तीन तहसीलों की 570.5678 हेक्टेयर भूमि से होकर गुजर रही है। इसमें 472.0699 हेक्टेयर निजी और 98.1829 हेक्टेयर सरकारी भूमि शामिल है। निजी भूमि का सर्वे कार्य एक साल से बंद था, लेकिन अब सर्वे किया जा रहा है।
998 किसानों की जमीन
पश्चिमी रिंग रोड तीन तहसीलों के 26 गांवों से होकर गुजर रही है। इन गांवों के 998 किसानों की जमीन सड़क की जद में आ रही है। इसमें 864 किसानों की जमीन मुख्य सड़क के लिए और 134 किसानों की जमीन अतिरिक्त सड़क के लिए अधिग्रहित की जानी है। सबसे ज्यादा 512 किसान सांवेर तहसील के हैं। जबकि 333 हातोद और 153 किसान देपालपुर तहसील के हैं।
सर्वे का काम पूरा
हातोद तहसील में सर्वे का काम पूरा हो चुका है। तीन दिन में 12 गांवों की सैकड़ों हेक्टेयर जमीन का सर्वे का काम पूरा कर लिया गया। सर्वे के दौरान राजस्व विभाग और एनएचएआई के अधिकारी मौजूद रहे। - रवि वर्मा, एसडीएम हातोद


आध्यात्मिक चिकित्सा: तुलसी पूजन और गो सेवा से मानसिक और शारीरिक व्याधियों का अंत
समस्याओं का अचूक समाधान हैं 'यंत्र'; जानें व्यापार, शिक्षा और स्वास्थ्य के लिए कौन सा यंत्र है सर्वश्रेष्ठ?
कैसा होगा आपका भविष्य? हस्तरेखा शास्त्र से समझें हाथ की रेखाओं और हथेली के आकार का मेल
सिर्फ शिष्टाचार नहीं, सेहत और सौभाग्य का प्रतीक है मेहमान को पानी देना; जानें क्या कहता है शास्त्र?
राशिफल 01 मई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
1 मई अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस पर विशेष : हर हाथ को काम, हर श्रमिक को सम्मान: विष्णु देव सरकार की प्रतिबद्धता
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गेहूँ उपार्जन केन्द्रों का किया आकस्मिक निरीक्षण
दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना से सावित्री को मिला संबल